पूर्वोत्तर में विरोध / प्रियंका ने कहा- भाजपा संविधान छलनी करने वाला बिल लाई, मोदी बोले- असमवासियों को चिंता करने की जरूरत नहीं

सोमवार को लोकसभा में नागरिकता संशोधन बिल पास हुआ, इसके पक्ष में 311 जबकि विरोध में 80 मत गिरेमंगलवार को नॉर्थ ईस्ट में बिल का विरोध शुरू हुआ, आसु समेत 16 लेफ्ट छात्र संगठनों ने 12 घंटे का बंद घोषित कियाबुधवार को राज्यसभा में नागरिकता संशोधन बिल पास हुआ, गुरुवार को विरोध उग्र हो गया

गुवाहाटी. बीते कुछ दिनों से नागरिकता संशोधन बिल को लेकर पूर्वोत्तर के राज्यों में विरोध जारी है। गुरुवार को विरोध को देखते हुए रेलवे सुरक्षा विशेष बल की 12 कंपनियां तैनात की गईं। असम और त्रिपुरा जाने वाली सभी यात्री ट्रेनें रद्द कर दी गईं। कामाख्या और गुवाहाटी में कई यात्री फंसे हुए हैं। बिल के विरोध में लोगों ने कर्फ्यू का उल्लंघन भी किया। सेना ने शहर में फ्लैग मार्च किया। इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग ने सुप्रीम कोर्ट में नागरिकता संशोधन बिल 2019 के खिलाफ याचिका दायर की है, जिसकी पैरवी कपिल सिब्बल करेंगे।

विभिन्न पार्टियों के नेताओं ने नागरिकता बिल पर अपना पक्ष ट्विटर पर रखा।

  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया- मैं असम के अपने भाइयों और बहनों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि बिल के पारित होने के बाद उन्हें चिंता करने की कोई जरूरत नहीं है। मैं उन्हें कहना चाहता हूं कि कोई भी आपके अधिकारों, विशिष्ट पहचान और संस्कृति को नहीं छीन सकता। यह हमेशा फलता-फूलता और विकसित होती रहेगी। केंद्र सरकार संवैधानिक सुरक्षा, भाषा, संस्कृति और असम की क्षेत्रीय संस्कृति को लेकर प्रतिबद्ध है।
  • कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने ट्वीट किया- भाजपा जिस समय महात्मा गांधी की जयंती के 150वर्ष पूरा होने का ढिंढोरा पीट रही है। उसी दौरान CAB जैसा भेदभावपूर्ण व संविधान की आत्मा को छलनी करने वाला बिल लाई। भाजपा के विभाजनकारी मंसूबों के खिलाफ कांग्रेस पूरी मजबूती से लड़ेगी।
  • केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा- कांग्रेस पूर्वोत्तर भारत में गलत सूचनाओं का कैंपेन चला रही है। कांग्रेस पूर्वोत्तर में किए गए हमारे काम को पचा नहीं पा रही है। यही कारण है कि वहां विरोध को भड़काने का काम किया जा रहा है। यह कानून लोगों को नागरिकता देता है न कि किसी से नागरिकता को छीनता है।
  • कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने ट्वीट किया- भारत को तोड़ो? संवैधानिक लोकतंत्र को तोड़ो? भारत की आत्मा को तोड़ो? हम ऐसा होने नहीं देंगे ‘मिस्टर डिवाइडर इन’।
  • उत्तरप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने ट्वीट किया- अलीगढ़ से लेकर असम तक और दिल्ली से लेकर त्रिपुरा तक #CAB2019 के खिलाफ आम लोग धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। यह संविधान द्वारा दिए गए भाषा और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता अनुसार किया जा रहा है। जनता की आवाज से सरकार क्यों डर रही है और आवाज को दबाने की कोशिश क्यों कर रही है!
  • तृणमूल कांग्रेस नेता अभिषेक बनर्जी ने ट्वीट किया- भाजपा जीती, भारत हारा। हैशटैग में  सिटिजनशिप अमेंटमेंट बिल 2019 भी लिखा।
  • कांग्रेस नेता गौरव गोगोई ने ट्वीट किया- बेजोड़। कश्मीर के बाद भाजपा ने त्रिपुरा और असम में इंटरनेट बंद कर दिया है। सेना को पूर्वोत्तर के राज्यों में भेजा गया। आखिर क्यों पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ऐसे विवादित बिल को पास करने की जल्दी में हैं? हैशटैग टेकबैकसीएबी और सिटिजनशिप अमेंटमेंट बिल 2019 भी लिखा।

admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *